राजस्व दिवस 15 अक्टूबर के रूप में मनाया जायेगा


 

जयपुर, 29 फरवरी। राजस्व मंत्री श्री हरीश चौधरी ने शुक्रवार को विधानसभा में कहा कि राजस्व विभाग की ओर से भू-अभिलेखों के कम्प्यूटरीकरण पर विशेष जोर दिया जा रहा है, जिसमें ऑनलाईन नकल (प्रतिलिपि), ऑनलाईन गिरदावरी, ऑनलाईन नामान्तरकरण मॉडर्न रिकॉर्ड रूम, सर्वे-रिसर्वे आदि कार्य प्रमुख हैं। इसी प्रकार तरमीम, नामान्तरकरण एवं अपवादित खातों के प्रकरणों का प्रमुखता से निस्तारण किया गया है। उन्होंने 15 अक्टूबर को राजस्व दिवस के रूप में मनाने की सदन में घोषणा की। 


 

राजस्व मंत्री ने प्रदेश के किसानों को साधुवाद देते हुए कहा कि टिड्डी के आक्रमणों को रोकने में राज्य सरकार के साथ किसानों ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने सदन को अवगत कराया कि टिड्डी आक्रमण की समस्या अभी भी बनी हुई है क्योंकि लाल सागर में टिड्डियों के दल के आगमन की संभावना बनी हुई है। उन्होंने कहा कि इसके समाधान के लिए राज्य सरकार तथा केन्द्र सरकार के माध्यम से हम सभी को यूएनओ तक अपनी बात पहुंचानी होगी।