आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से पोषाहार सामग्री का वितरण
 

जयपुर ,2 अप्रैल। राज्य सरकार द्वारा कोरोना वायरस के प्रभाव को देखते हुए आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से लगभग 35 लाख लाभार्थियों को दाल, गेहूं के रूप में साबुत अनाज दिए जाने का निर्णय लिया गया है।

 

इसके तहत समेकित बाल विकास सेवाएं योजनान्तगर्त 35 लाख परिवारों को एक माह में 1 किलोग्राम दाल व 2 से 3 किलोग्राम गेहूं  दिया जाएगा। यह व्यवस्था कोरोना वायरस की प्रभाव अवधि तक लागू रहेगी।

 

  महिला एवं बाल विकास विभाग के शासन सचिव ड. के के पाठक ने बताया कि यह सामग्री खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामलात् विभाग द्वारा राशन डीलरों के माध्यम से दिए जाने वाले सामान्य पीडीएस के गेहूं अन्य सामग्री के अतिरिक्त होगी।

 

उन्होंने बताया कि राज्य में महिला एवं बाल विकास विभाग के अधीन समेकित बाल विकास सेवाएं योजनान्तर्गत पूरक पोषाहार की आपूर्ति एवं वितरण हेतु खाद्य सुरक्षा अधिनियम 2013 के प्रावधानों की पालना के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से 35 लाख लाभार्थियों को साल में तीन सौ दिवस पूरक पोषाहार उपलब्ध कराया जाएगा। 

 

योजना के तहत पोषाहार टेक होम राशन, गरम खाने व नाश्ते के रूप में 6 माह से 3 वर्ष तक के 16.30 लाख बच्चों को 750 ग्राम बेबी मिक्स पोषाहार पैकेट (टेक होम राशन) प्रति सप्ताह दिया  जा रहा था।